परिचय
Ekaverika Devi Temple is situated near Karla Caves in Pune district, Maharashtra. It is one of the 21 Mahashaktipeeths where Goddess Sati's left wrist fell. Maa Ekaverika is the Kuldevi of Koli Agari and Bhandari communities and is one of the most famous Shaktipeeths of Maharashtra.
एकवीरिका देवी - महाशक्तिपीठ महाराष्ट्र | माँ एकवीरा का दिव्य शक्तिपीठ
एकवीरिका देवी मंदिर महाराष्ट्र के पुणे जिले में कार्ला गुफाओं के समीप एकवीरा नामक स्थान पर स्थित है। यह 21 महाशक्तिपीठों में से एक अत्यंत पवित्र और सिद्ध पीठ है। यहाँ माँ सती की बायीं कलाई गिरी थी इसीलिए यह स्थान अत्यंत शक्तिशाली और पवित्र माना जाता है।
माँ एकवीरिका को महाराष्ट्र के कोली आगरी और भंडारी समुदाय की कुलदेवी माना जाता है। नवरात्रि के समय यहाँ लाखों भक्त माँ के दर्शन के लिए आते हैं। माँ एकवीरिका को एकवीरा अम्बा भी कहा जाता है जिसका अर्थ है एकमात्र वीरांगना।
एकवीरिका देवी मंदिर का इतिहास
एकवीरिका देवी मंदिर अत्यंत प्राचीन है। यह मंदिर बौद्ध काल की कार्ला गुफाओं के समीप स्थित है जो दूसरी शताब्दी ईसा पूर्व की हैं। मंदिर का निर्माण हेमाडपंथी शैली में हुआ है। पेशवा काल में इस मंदिर का जीर्णोद्धार करवाया गया था।
एकवीरिका देवी के प्रमुख दर्शनीय स्थल
1. एकवीरिका देवी गर्भगृह
मंदिर के गर्भगृह में माँ एकवीरिका की अत्यंत तेजस्वी प्रतिमा विराजमान है। माँ का स्वरूप अत्यंत भव्य और दिव्य है। यहाँ माँ को नारियल फूल और सिंदूर चढ़ाया जाता है। नवरात्रि में माँ का विशेष श्रृंगार होता है।
2. कार्ला गुफाएँ
एकवीरिका मंदिर के समीप ही कार्ला की प्रसिद्ध बौद्ध गुफाएँ स्थित हैं जो दूसरी शताब्दी ईसा पूर्व की हैं। यह गुफाएँ भारत की सबसे बड़ी और सुंदर बौद्ध गुफाओं में से एक हैं।
3. भाजा गुफाएँ
कार्ला से कुछ दूरी पर भाजा की गुफाएँ भी स्थित हैं जो प्राचीन बौद्ध स्थापत्य का उत्कृष्ट उदाहरण हैं।
4. भैरव मंदिर
एकवीरिका शक्तिपीठ के भैरव क्रमदीश्वर रूप में पूजे जाते हैं। मंदिर परिसर में भैरव मंदिर भी स्थित है जहाँ दर्शन अनिवार्य माने जाते हैं।
5. लोनावला और खंडाला
एकवीरिका मंदिर लोनावला और खंडाला के समीप स्थित है जो महाराष्ट्र के प्रमुख पर्यटन स्थल हैं। यहाँ की प्राकृतिक सुंदरता मन को मोह लेती है।
एकवीरिका देवी की पूजा विधि
माँ एकवीरिका की पूजा में लाल फूल सिंदूर लाल वस्त्र और नारियल का विशेष महत्व है। दुर्गा सप्तशती और देवी कवच का पाठ माँ को अत्यंत प्रिय है। नवरात्रि के समय यहाँ विशेष पूजा और अनुष्ठान होते हैं जिसमें लाखों भक्त भाग लेते हैं।
एकवीरिका देवी कैसे पहुँचें
वायुमार्ग: पुणे अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा सबसे नजदीक है जो कार्ला से 55 किमी दूर है।
रेलमार्ग: कार्ला रेलवे स्टेशन मंदिर से मात्र 3 किमी दूर है और मुंबई पुणे रेल मार्ग पर स्थित है।
सड़कमार्ग: पुणे से 55 किमी, मुंबई से 120 किमी, लोनावला से 12 किमी।
एकवीरिका देवी दर्शन का सबसे अच्छा समय
अक्टूबर से मार्च का समय यात्रा के लिए सर्वोत्तम है। नवरात्रि के समय यहाँ लाखों भक्त माँ के दर्शन के लिए आते हैं। मंगलवार और शुक्रवार को यहाँ विशेष पूजा होती है।
एकवीरिका देवी का धार्मिक महत्व
माँ एकवीरिका को महाराष्ट्र की सबसे जागृत और सिद्ध देवियों में से एक माना जाता है। कोली आगरी और भंडारी समुदाय के लोग माँ को अपनी कुलदेवी मानकर विशेष श्रद्धा से पूजते हैं। माँ की कृपा से भक्तों के सभी कष्ट दूर होते हैं और मनोकामनाएँ पूर्ण होती हैं। यहाँ सच्चे मन से की गई प्रार्थना अवश्य फलती है और मोक्ष की प्राप्ति होती है।