संपूर्ण आरती संग्रह - भक्ति और श्रद्धा की पावन ज्योति

हिंदू धर्म में पूजा-अर्चना के समापन पर आरती करने का विशेष महत्व है। आरती न केवल ईश्वर की स्तुति है, बल्कि यह भक्त के अंतर्मन को दिव्यता और शांति से भर देती है। "आराधना" (Aradhana) पोर्टल पर हमने आपके लिए सभी प्रमुख देवी-देवताओं की आरतियों का एक विशाल और शुद्ध संग्रह संकलित किया है। यहाँ श्री गणेश, महादेव, माँ दुर्गा और श्री हनुमान सहित सभी देवताओं की आरतियाँ उनके गहरे अर्थ और सही उच्चारण के साथ उपलब्ध हैं। आरती की लौ जिस प्रकार अंधकार को दूर करती है, उसी प्रकार इन आरतियों का श्रद्धापूर्वक गान आपके जीवन से नकारात्मकता को मिटाकर सुख, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है। हमारी कोशिश है कि हम आपको भक्ति का एक ऐसा अनुभव प्रदान करें जो आपकी दैनिक पूजा को और भी अधिक अर्थपूर्ण बनाए।

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श्री गणेश आरती (Shree Ganesh Aarti)

जय गणेश जय गणेश, जय गणेश देवा । माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा ॥ एक दंत दयावंत, चार भुजा धारी । माथे सिंदूर सोहे, मूसे की सवारी ॥ जय गणे...

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