कल्ला जी राठौड़ के भजन - राजस्थानी वीर भक्त

कल्ला जी राठौड़ राजस्थान के महान वीर योद्धा और कृष्ण भक्त थे। उनके लोकभजन राजस्थानी संस्कृति का अभिन्न अंग हैं। कल्ला जी को लोक देवता के रूप में पूजा जाता है। राजस्थान में उनके भजन अत्यंत लोकप्रिय हैं और विशेष अवसरों पर गाए जाते हैं।

कुल 6 पोस्ट

कल्लाजी हेलो (kallaji helo)

॥ जय माँ नागणेचा ॥       ॥ श्री ॥       ॥ जय श्री कल्ला बावजी ॥ जय श्री कल्याण कँवर जी कँवरा धूप के धुंआड़े बेगा आवजो जरणी जगद...

पढ़ें →

कल्लाजी भजन (Kallaji Bhajan)

आवो म्हारे हिरदे कॅवरा बसो ए भवानी २ बसो ए भवानी कमधज बसो ए राठौड़ी किण विद थारी करू थापना किण विद थाने मानू राय लखन थारी करे अगवाणी । आ...

पढ़ें →

गातरोड़ जी से प्रार्थना ( कल्लाजी प्रार्थना ) (Prayer to Gatrod ji)

गातरोड़ जी से प्रार्थना चौहान तुम्हारे दर पे म्हे एक बात बताने आया एक बात बताने आया हूँ एक कथा सुनाने आया चौहान तुम्हारे दर पे म्हे ए...

पढ़ें →

अन्नदाता ने अर्जी (Annadaata Ne Arjee)

अन्नदाता ने अरजी और आसरो छोड़ आसरो लीनो आसरों कुंवर कल्लाजी को । हे राठौड़ कुल भूषण, थे दुःखड़ा कॉटो दुखिया को ॥ और आ. तरह-तरह रा रोगी ...

पढ़ें →

श्री शेषावतार 1008 श्री कल्लाजी भोग-भजन ( आरती ) Shri Sheshavatar 1008 Shri Kallaji Bhog-Bhajan (Aarti)

ब्यारु करण हेत सुख मैया श्री रघुवर भोग लगैया, जीमो रामा रजनी ओ पुत्र भई ओ, प्यारी ललना आन करो कुछ ब्यारु, जीमो रामा सीतारामजी लक्ष्म...

पढ़ें →